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बारिश

>> Wednesday, 31 March 2010


बिखरे वजूद के



अक्स को समेट


लरजती हुई


साँसों से


घायल से जज़्बात लिए


एक छटपटाती


सी नज़्म


तैर गयी है


मेरी सूनी


आँखों में ,


इस बार


बारिश नहीं हुई
 
 
 
 
 

28 comments:

arvind Wed Mar 31, 03:18:00 pm  

bahut sundar laghu rachanatmak lekhan.

Dev Wed Mar 31, 03:35:00 pm  

आपके लिखने का अंदाज़ पसंद आया

kunwarji's Wed Mar 31, 05:45:00 pm  

राम राम जी,

कमाल कि रचना,कितने कम शब्दों में कितना कुछ बयाँ कर दिया!

बहुत ही सुन्दर!

कुंवर जी,

vibha Wed Mar 31, 07:40:00 pm  
This comment has been removed by the author.
vibha Wed Mar 31, 07:44:00 pm  
This comment has been removed by the author.
रश्मि प्रभा... Wed Mar 31, 08:29:00 pm  

kya likh diya aapne......baarish nahi hui, sare arth simat aaye, bahut badhiyaa

मनोज कुमार Wed Mar 31, 09:31:00 pm  

आप कहां से लाती हैं इतनी अच्छी-अच्छी तस्वीरें! कुछ टिप तो दीजिए।

मनोज कुमार Wed Mar 31, 09:34:00 pm  

एक अदम्य जिजीविषा का भाव कविता में इस भाव की अभिव्यक्ति हुई है।

ताऊ रामपुरिया Thu Apr 01, 11:40:00 am  

बहुत कमाल की रचना.

रामराम.

रंजना [रंजू भाटिया] Thu Apr 01, 12:41:00 pm  

बहुत बढ़िया लिखा है आपने शुक्रिया

अनामिका की सदाये...... Thu Apr 01, 06:14:00 pm  

होता है कभी ऐसा भी
जब नैनो के मेघ
हो जाये भारी
बरसने की बजाये
जम जाते है कुछ
हिम कण
और नज़्म
रह जाती है
यू ही छट-पटाती सी ..

बहुत गहरे भावो भरी रचना.

रावेंद्रकुमार रवि Thu Apr 01, 06:59:00 pm  

मन को छू गई आपकी यह कविता!

Apanatva Thu Apr 01, 07:39:00 pm  

dil ko jhakjhor jane walee rachana........

Kulwant Happy Thu Apr 01, 07:49:00 pm  

अगर हो जाती तो जज्बातों और संवेदनाओं की बाढ़ आने का खतरा बढ़ जाता।

रचना दीक्षित Fri Apr 02, 02:59:00 pm  

सच बहुत कम शब्दों में बहुत लम्बी बातें,न कहते हुए भी बहुत कुछ कह गयीं

PKS Fri Apr 02, 06:05:00 pm  

bahut shandar bhav..atisundar rachna

Babli Sat Apr 03, 01:55:00 am  

वाह वाह अद्भुत सुन्दर और कमाल का रचना लिखा है आपने! चित्र भी बहुत अच्छा लगा!

sandhyagupta Sat Apr 03, 07:47:00 pm  

Jitna sundar bhav hai prastuti bhi utni hi asardar.shubkamnayen.

nilesh mathur Sun Apr 04, 09:16:00 pm  

बहुत कम शब्दों में आप अपनी बात कह देती हैं !

Avinash Chandra Mon Apr 05, 08:31:00 pm  

wow.....bahut hi sundar ...bahut se jyada

Ravindra Ravi Tue Apr 06, 11:22:00 pm  

संगीता जी चंद शब्दो में बहुत बडी बात कः दि आपने. बहुत खूब! अति सुंदर.

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